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Monday, September 16, 2013

" किसी के अनुभवों से कुछ नहीं सीखना " हमने आपसे ही तो सीखा है

कौन कहता है कि हमने आपसे कुछ नहीं सीखा ?

" किसी के अनुभवों से कुछ नहीं सीखना " हमने आपसे ही तो सीखा है 

Saturday, September 14, 2013

तो अब क्या मूर्ख ( अज्ञानी ) ही बने रहना है ?

तेरा ज्ञान सीमित है 
( अधूरे ज्ञान को अज्ञान ही कहते हें , कोई अधूरे डाक्टर से अपना आपरेशन नहीं करबाता है )

अब सीखना तुझे स्वीकार नहीं 

तो अब क्या मूर्ख ( अज्ञानी ) ही बने रहना है ?

आपका attitude आपको मुबारक !

Friday, September 13, 2013

कोई व्यक्ति संन्यास क्यों लेता है ? आत्मोत्थान के लिए , अपने लिए , अपने कल्याण के लिए या लोकोपकार के लिए , जनता के उपकार के लिए , जनता की सेवा के लिए ?

मुझे आपकी , आप सब की राय चाहिए -

कोई व्यक्ति संन्यास क्यों लेता है ? आत्मोत्थान के 

लिए , अपने लिए , अपने कल्याण के लिए या 

लोकोपकार के लिए , जनता के उपकार के लिए , 

जनता की सेवा के लिए ?

सन्यासी की निष्ठा किसके प्रति है ? स्वयं अपने प्रति 

या अन्यों के प्रति ?

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